पश्चिम एशिया में इस समय हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। अमेरिका और इस्राइल की संयुक्त कार्रवाई के बाद ईरान और इस्राइल के बीच संघर्ष और तेज हो गया है। कई देशों में धमाकों और हवाई हमलों की खबरें सामने आई हैं। नागरिकों को अलर्ट पर रखा गया है और कई जगह एयर रैड सायरन बजाए गए हैं।
लेबनान में 31 लोगों की मौत
Israel-Iran War LIVE: लेबनान में 31 की मौत, खाड़ी देशों में धमाके से हड़कंप
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इस्राइली हवाई हमलों में कम से कम 31 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 149 लोग घायल हुए हैं। घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है और राहत-बचाव का काम जारी है।
ईरान के शहरों में धमाके
ईरान की राजधानी तेहरान के कई इलाकों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं।
केंद्रीय शहर सनंदज में हमले में कम से कम दो लोगों की मौत की खबर है। स्थानीय मीडिया के अनुसार, पुलिस स्टेशन के पास रिहायशी इमारतें भी क्षतिग्रस्त हुई हैं।
कर्मानशाह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास भी भारी धुएं के गुबार देखे गए। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में आसमान में धुआं फैलता दिखाई दिया।
खाड़ी देशों में अलर्ट
संघर्ष का असर अब खाड़ी देशों में भी दिखाई दे रहा है।कतर की राजधानी दोहा में कई धमाके सुने गए। संयुक्त अरब अमीरात की राजधानी अबू धाबी में भी तेज आवाजों की खबर है।कुवैत और बहरीन में एयर रैड सायरन बजाए गए

कुवैत सिटी के पास मिना अल अहमदी रिफाइनरी में मलबा गिरने से दो कर्मचारियों को हल्की चोटें आईं।
कुवैत में अमेरिकी दूतावास के पास भी धुआं उठता देखा गया।
बहरीन सरकार ने नागरिकों से सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है और कुछ प्रमुख पुलों को बंद कर दिया गया है।इस्राइली सेना का दावाइस्राइली सेना का कहना है कि ईरान ने फिर से इस्राइल की ओर मिसाइलें दागी हैं। सेना के अनुसार, उनकी वायु रक्षा प्रणाली सक्रिय है और मिसाइलों को रोकने की कोशिश की जा रही है। नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।ईरान के वरिष्ठ नेता अली लारिजानी ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की आलोचना की है। उन्होंने आरोप लगाया कि अमेरिका इस्राइल के समर्थन में क्षेत्र को अस्थिर बना रहा है।
ईरान का कहना है कि वह अपनी सुरक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई जारी रखेगा।
हालात पर नजर
पश्चिम एशिया में हालात तेजी से बदल रहे हैं। कई देशों ने सुरक्षा बढ़ा दी है और नागरिकों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।अगर हालात जल्द नहीं संभले तो यह संघर्ष बड़े क्षेत्रीय युद्ध का रूप ले सकता है।फिलहाल दुनिया की नजर इस पूरे घटनाक्रम पर टिकी हुई है।