Patna में एक प्रमुख कोचिंग संस्थान से संबंधित मामले ने एक नया मोड़ ले लिया है। हाल ही में हुई हिंसा और उसके बाद सामने आए वीडियो व बयानों के आधार पर पुलिस ने अपनी छानबीन का दायरा बढ़ा दिया है। इस घटना पर शहर में चर्चा जोरों पर है और प्रशासन भी स्थिति पर लगातार निगरानी रख रहा है। घटना के बाद पुलिस ने संबंधित मामले में कानूनी कार्रवाई आरंभ कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों, गवाहों के बयानों और तकनीकी जांच के आधार पर पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियां स्थिति की जांच करने में लगी हैं कि घटना के समय क्या परिस्थितियां थीं और किसकी भूमिका थी। मामले में कुछ सुरक्षा कर्मचारियों के बयान भी जांच में शामिल किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि इन्हीं बयानों और अन्य तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी तरह से कानून के अंतर्गत की जाएगी और सभी पक्षों को अपनी बात रखने का मौका दिया जाएगा। इस बीच, कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की बैठक भी बुलाई गई। बैठक में सुरक्षा व्यवस्था, संभावित विरोध प्रदर्शन और छात्रों के बीच फैल रही विभिन्न सूचनाओं पर चर्चा की गई। प्रशासन ने शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है। पुलिस अधिकारियों ने छात्रों और अभिभावकों से कहा है कि वे किसी भी असत्यापित जानकारी पर विश्वास न करें। प्रशासन का कहना है कि सोशल मीडिया पर फैल रही हर सूचना सही नहीं होती, इसलिए केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा किया जाना चाहिए।
दूसरी तरफ, संबंधित कोचिंग संस्थान ने भी अपनी बात रखी है। संस्थान से जुड़े व्यक्तियों का कहना है कि घटना के दौरान सुरक्षा कर्मियों ने आत्मरक्षा में कार्रवाई की थी। उनका दावा है कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच की जाए तो वास्तविकता सामने आ जाएगी। यह मामला उस घटना से शुरू हुआ, जिसमें कोचिंग संस्थान के बाहर तनाव उत्पन्न हुआ था। इसके बाद मारपीट और फायरिंग से संबंधित वीडियो सामने आए, जिन्होंने मामले को और गंभीर बना दिया। पुलिस ने इन वीडियो की सत्यता की जांच शुरू कर दी है। इस बीच, छात्रों में इस विषय पर चर्चा हो रही है। कई छात्र घटना को लेकर चिंतित हैं, जबकि कुछ का मानना है कि जांच के पूर्ण होने के बाद ही निष्कर्ष पर पहुँचना उचित होगा। शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लोगों ने भी संयम बरतने की सलाह दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में कानून को अपना काम करने देना चाहिए। किसी व्यक्ति की जिम्मेदारी या दोष तय करना जांच और न्यायिक प्रक्रिया के अंतर्गत आता है। इसलिए सभी पक्षों के तथ्यों और साक्ष्यों की प्रकट होने पर ही स्पष्टता मिलेगी। पुलिस जांच जारी है और प्रशासन स्थिति पर ध्यान दे रहा है। गवाहों के बयान और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी। पूरे राज्य की नजर अब इस चर्चित मामले के अगले घटनाक्रम पर है।


पहले पुलिस की तारीफ की, अब बोले- पुलिस लेट आई
हमले वाले दिन खान सर ने पुलिस की बहुत तारीफ की थी। अब उन्होंने कहा कि पुलिस देर से पहुंची। गार्ड्स की फायरिंग वाले वीडियो पर खान सर ने कहा, मारपीट हो रही थी। मुझे पता था कि पुलिस को आने में समय लगेगा। पुलिस तो वहां उड़कर नहीं पहुंच सकती, इसलिए गार्ड्स ने आत्मरक्षा में फायरिंग की। गार्ड क्यों रखे जाते हैं ताकि समय पर लोगों को बचा सकें। जब तक पुलिस नहीं आई थी तब एक बॉडीगार्ड को क्या करना चाहिए था। क्या गार्ड्स ने किसी पर फायरिंग की?
बच्चों से खान सर बोले- कोचिंग बंद हुई तो फीस बढ़ जाएगी
खान सर का एक नया वीडियो बाहर आया है, जिसमें वह क्लासरूम में बच्चों को अपने कोचिंग पर हुए हमले के बारे में जानकारी दे रहे हैं। वह सीसीटीवी फुटेज दिखाकर बताते हैं कि कोचिंग के गार्ड की गिरफ्तारी अभी तक नहीं हुई है। इस मामले को भटकाने की कोशिश की जा रही है। खान सर ने कहा कि अगर खान ग्लोबल स्टडीज बंद हो गई, तो अगले छह महीनों में कई कोचिंग संस्थानों की फीस एक लाख से डेढ़ लाख रुपए तक पहुंच जाएगी। मेरा उद्देश्य पैसे कमाना नहीं है। वह क्लासरूम में बताते हैं कि कोचिंग के गार्ड को बुरी तरह से पीटा गया था। 20-25 लोगों ने उसे सड़क पर बेरहमी से मारा। वह फीस में कमी की बात भी कर रहे हैं। खान सर एक किताब लेकर आते हैं और कहते हैं, “विद्या की कमस खाकर कहता हूं, उस दिन फायरिंग हुई थी।”










