BREAKING

ChandigarhPunjab

पूर्व मंत्री BIKRAM SINGH MAJITHIA केस में बड़ा एक्शन, विजिलेंस ब्यूरो ने जोड़ी IPC 120-B की नई धारा, अगली सुनवाई 10 दिसंबर को

पंजाब में आय से अधिक संपत्ति के हाई-प्रोफाइल मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है। पूर्व कैबिनेट मंत्री और शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। मोहाली स्थित विशेष अदालत में सुनवाई के दौरान विजिलेंस ब्यूरो ने जानकारी दी कि मजीठिया के खिलाफ अब IPC की धारा 120-B (आपराधिक षड्यंत्र) भी जोड़ दी गई है।यह कार्रवाई उस समय हुई है जब मजीठिया पहले से ही इस केस में जेल में बंद हैं और जमानत याचिका पर अदालत का फैसला रिज़र्व रखा जा चुका है।

विजिलेंस ने माननीय अदालत को यह भी बताया कि मजीठिया के साले गजपत सिंह ग्रेवाल को पहले ही मामले में नामजद किया जा चुका है।
गजेपत के खिलाफ जारी जांच के तहत एजेंसी ने 29 नवंबर तक के लिए अरेस्ट वारंट भी हासिल कर लिए हैं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियां व नए खुलासे हो सकते हैं।यह केस पिछले कुछ महीनों से पंजाब की राजनीति में बड़ा मुद्दा बना हुआ है। इस बीच राज्य सरकार ने गत महीने हुई कैबिनेट मीटिंग में मजीठिया के खिलाफ मुकदमा चलाने की आधिकारिक मंजूरी दे दी थी। हालांकि अभी तक कोर्ट में आरोप तय नहीं हुए हैं।

सूत्रों के अनुसार, 10 दिसंबर को होने वाली अगली सुनवाई में आरोप तय किए जा सकते हैं। इससे पहले मजीठिया की ओर से उनके वकील विजिलेंस द्वारा दायर किए गए चालान पर अपनी दलीलें पेश करेंगे।पूर्व मंत्री की जमानत याचिका पर माननीय पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में लगभग 15 दिनों तक दोनों पक्षों के वकीलों के बीच विस्तृत बहस चली।बहस पूरी होने के बाद माननीय हाईकोर्ट ने अपना फैसला रिज़र्व रख लिया है। ऐसे में मजीठिया की जमानत पर निर्णय किसी भी समय सुनाया जा सकता है।

राजनीतिक हलकों में इस फैसले को लेकर काफ़ी चर्चा है, क्योंकि मजीठिया शिरोमणि अकाली दल के सबसे प्रभावशाली नेताओं में से एक माने जाते हैं। पार्टी की ओर से बार-बार कहा गया है कि यह मामला राजनीतिक बदले की कार्रवाई है, जबकि सरकार और विजिलेंस का दावा है कि सबूतों के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।विजिलेंस ब्यूरो ने मजीठिया पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने, बेनामी संपत्तियों और वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाया है।
जांच एजेंसी का दावा है कि उनके पास आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक करोड़ों रुपये मूल्य की संपत्ति पाई गई है।हालांकि मजीठिया ने इन सभी आरोपों से इंकार किया है और कहा है कि वे राजनीतिक साजिश का शिकार बनाए जा रहे हैं।

 

 

Leave A Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts

Subscribe to Our Newsletter!

This will close in 0 seconds