एसएएस नगर जिले में आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में जिला प्रशासन द्वारा मतदाता प्री-मैपिंग अभियान चलाया जा रहा है, ताकि मतदाता सूची को अधिक सटीक, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाया जा सके। इस अभियान के तहत बूथ स्तर पर विशेष शिविर लगाए जा रहे हैं और मतदाताओं के विवरण का सत्यापन किया जा रहा है। उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी कोमल मित्तल ने विभिन्न मतदान केंद्रों का दौरा कर अभियान की प्रगति का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से अभियान की स्थिति की जानकारी ली और मतदाताओं से भी बातचीत की। इस दौरान उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत बनाने के लिए मतदाता सूची का सही और अद्यतन होना बेहद आवश्यक है। प्रशासन के अनुसार 25 जून से विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम शुरू किया जाएगा, जिसके तहत बूथ लेवल अधिकारी घर-घर जाकर मतदाताओं के विवरण का सत्यापन करेंगे। इस प्रक्रिया के दौरान मतदाताओं से आवश्यक जानकारी प्राप्त की जाएगी और रिकॉर्ड को अपडेट किया जाएगा। इससे पात्र नागरिकों के नाम सूची में शामिल करने और त्रुटियों को दूर करने में मदद मिलेगी।
जिले में सैकड़ों बूथ लेवल अधिकारियों और सेक्टर अधिकारियों की टीम इस कार्य में जुटी हुई है। निर्वाचन विभाग ने सभी अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में सही तरीके से दर्ज हो। अभियान के दौरान अब तक बड़ी संख्या में मतदाताओं के विवरण का सत्यापन किया जा चुका है। अधिकारियों का कहना है कि मतदाताओं से सकारात्मक सहयोग मिल रहा है, जिसके कारण कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। आने वाले दिनों में शेष मतदाताओं की जानकारी भी एकत्र कर ली जाएगी। इस बीच पंजाब के संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने भी विभिन्न मतदान केंद्रों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मतदाताओं की सुविधा का विशेष ध्यान रखा जाए और प्रक्रिया को पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न किया जाए। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की शुद्धता लोकतंत्र की मजबूती के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
निर्वाचन विभाग ने मतदाताओं को ऑनलाइन सुविधाओं का उपयोग करने के लिए भी प्रोत्साहित किया है। नागरिक निर्धारित पोर्टल के माध्यम से अपने मतदाता विवरण की जांच और सत्यापन कर सकते हैं। इससे लोगों को घर बैठे ही अपनी जानकारी की पुष्टि करने का अवसर मिलेगा। अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य पात्र मतदाताओं को सूची में शामिल करना और अपात्र प्रविष्टियों की पहचान करना है। इससे भविष्य में होने वाले चुनावों के लिए अधिक विश्वसनीय और पारदर्शी मतदाता सूची तैयार की जा सकेगी। निर्वाचन विभाग इस पूरी प्रक्रिया की लगातार निगरानी कर रहा है।

प्रशासन ने जिले के सभी नागरिकों से अपील की है कि वे निर्वाचन कर्मियों को पूरा सहयोग दें और अपने विवरण का सत्यापन अवश्य करवाएं। अधिकारियों का मानना है कि जनभागीदारी के बिना इस अभियान को पूरी तरह सफल नहीं बनाया जा सकता। मतदाताओं के सहयोग से ही एक स्वच्छ, सटीक और भरोसेमंद मतदाता सूची तैयार की जा सकेगी। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 की तैयारियों के तहत एसएएस नगर जिले में मतदाता प्री-मैपिंग अभियान को व्यापक स्तर पर चलाया जा रहा है। निर्वाचन विभाग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जिले का कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे और सभी रिकॉर्ड पूरी तरह अद्यतन हों। इसी दिशा में प्रशासन लगातार बूथ स्तर पर गतिविधियों की निगरानी कर रहा है।
संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने भी अभियान की समीक्षा करते हुए कहा कि मतदाता सूची की गुणवत्ता को बेहतर बनाना निर्वाचन विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी पात्र मतदाता का नाम सूची से छूटने न पाए और सभी कार्य पूरी पारदर्शिता के साथ किए जाएं। निर्वाचन विभाग ने नागरिकों को डिजिटल माध्यमों के उपयोग के लिए भी प्रेरित किया है। ऑनलाइन पोर्टल के जरिए मतदाता अपने विवरण की जांच कर सकते हैं और आवश्यक होने पर संशोधन के लिए आवेदन भी कर सकते हैं। इससे लोगों को लंबी प्रक्रियाओं से राहत मिलेगी और कार्य अधिक प्रभावी ढंग से पूरा होगा। अधिकारियों ने बताया कि आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान प्राप्त जानकारी के आधार पर मतदाता सूची को अंतिम रूप दिया जाएगा। इस प्रक्रिया से चुनावी रिकॉर्ड अधिक विश्वसनीय बनेगा और मतदान से जुड़ी व्यवस्थाओं में भी सुधार आएगा। विभाग का लक्ष्य पूरी तरह सटीक और अद्यतन मतदाता सूची तैयार करना है। प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे अपने मतदाता विवरण की जांच अवश्य करें और निर्वाचन कर्मियों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं। अधिकारियों का कहना है कि जागरूक नागरिकों की भागीदारी से ही निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सकता है। यह अभियान लोकतंत्र को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।