Canada के ओंटारियो प्रांत में ड्रग तस्करी के खिलाफ एक बड़े संयुक्त अभियान में सुरक्षा एजेंसियों ने बड़ी सफलता हासिल की है। विंडसर पुलिस की अगुवाई में चलाए गए इस ऑपरेशन के दौरान करीब 139 मिलियन डॉलर (लगभग 1.7 टन) मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं। मामले में 21 लोगों के खिलाफ आरोप दर्ज किए गए हैं, जिनमें से 19 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि 2 आरोपी अभी भी फरार बताए जा रहे हैं। इस कार्रवाई को हाल के वर्षों में क्षेत्र की सबसे महत्वपूर्ण ड्रग-विरोधी कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है। इस पूरे मामले की जांच जनवरी 2025 में विंडसर पुलिस सर्विस ने शुरू की थी। शुरुआती जांच के दौरान ड्रग तस्करी से जुड़े एक संगठित नेटवर्क के संकेत मिलने के बाद जांच का दायरा बढ़ाया गया। इसके बाद कई कनाडाई और अमेरिकी एजेंसियों को इस ऑपरेशन में शामिल किया गया ताकि पूरे नेटवर्क की गतिविधियों का पता लगाया जा सके और उससे जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके। जांच में ओंटारियो प्रोविंशियल पुलिस (OPP), कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA), अमेरिका की होमलैंड सिक्योरिटी इन्वेस्टिगेशंस (HSI) और यूएस ड्रग एनफोर्समेंट एडमिनिस्ट्रेशन (DEA) ने मिलकर काम किया। इसके अलावा टोरंटो पुलिस सर्विस और पील रीजनल पुलिस ने भी छापेमारी, सबूत जुटाने और आरोपियों की गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण सहयोग दिया। विभिन्न एजेंसियों के संयुक्त प्रयास से इस बड़े नेटवर्क का खुलासा संभव हो पाया। इस मामले में 21 आरोपियों में से 13 पंजाबी मूल के हैं, जबकि दो आरोपियों की पहचान फिलहाल सार्वजनिक नहीं की गई है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की तलाश जारी है और जांच अभी भी कई पहलुओं पर आगे बढ़ रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में भी महत्वपूर्ण जानकारी सामने आ सकती है। कनाडा और अमेरिका की जांच एजेंसियों ने इस कार्रवाई को सीमा पार संगठित अपराध के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सफलता बताया है। अधिकारियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी पर प्रभावी रोक लगाने के लिए दोनों देशों के बीच खुफिया जानकारी साझा करने और संयुक्त अभियानों को आगे भी जारी रखा जाएगा। वहीं, मामले में गिरफ्तार सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया जारी है और अदालत में आरोप सिद्ध होने तक उन्हें कानून के अनुसार निर्दोष माना जाएगा।



आरोपियों की सूची इस प्रकार है
गगनदीप ठिंडल (27), ब्रैम्पटन – 10 आरोप, सिमरनजीत सिंह (32), ब्रैम्पटन – 12 आरोप, कंवरपाल कुल्लर (32), ला साले – 2 आरोप, जतिंदरपाल सिंह (39), ब्रैम्पटन – 2 आरोप, जसविंदर सोही (55), ब्रैम्पटन – 2 आरोप, तेजविंदर संधू (29), ब्रैम्पटन – 2 आरोप, हरविंदर संधू (33), किचनर – 2 आरोप, हरिंदरपाल ग्रेवाल (34), बैरी – 2 आरोप, तरमिंदर सिंह (19), ब्रैम्पटन – 9 आरोप, अवतार सहोता (54), शेलबर्न – 2 आरोप, गुनदीप तारीवाल (32), ब्रैम्पटन – 4 आरोप, महिकप्रीत सिंह (24), ब्रैम्पटन – 8 आरोप, करणदीप सिंह (27), ब्रैम्पटन – 6 आरोप
इस अभियान में ओंटारियो प्रोविंशियल पुलिस (OPP), कनाडा बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA), अमेरिका की होमलैंड सिक्योरिटी इन्वेस्टिगेशंस (HSI) और यूएस ड्रग एनफोर्समेंट एडमिनिस्ट्रेशन (DEA) ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसके अलावा टोरंटो पुलिस सर्विस और पील रीजनल पुलिस ने भी छापेमारी, जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी में सहयोग किया। एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय के कारण इस बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश संभव हो सका। जांच एजेंसियों के अनुसार यह गिरोह कथित तौर पर कनाडा और अमेरिका के बीच सक्रिय एक संगठित ड्रग तस्करी नेटवर्क का हिस्सा था। आरोप है कि नेटवर्क के सदस्य बड़ी मात्रा में नशीले पदार्थों की सप्लाई और वितरण का काम कर रहे थे। मामले की जांच अभी जारी है और अधिकारियों का मानना है कि आगे और भी महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। 21 आरोपियों में से 13 पंजाबी मूल के हैं, जबकि दो अन्य आरोपियों के नाम फिलहाल सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपियों की तलाश के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार किए जाने की उम्मीद है। गिरफ्तार किए गए प्रमुख आरोपियों में गगनदीप ठिंडल, सिमरनजीत सिंह, कंवरपाल कुल्लर, जतिंदरपाल सिंह, जसविंदर सोही, तेजविंदर संधू, हरविंदर संधू, हरिंदरपाल ग्रेवाल, तरमिंदर सिंह, अवतार सहोता, गुनदीप तारीवाल, महिकप्रीत सिंह और करणदीप सिंह शामिल हैं। इन सभी पर अलग-अलग संख्या में आपराधिक आरोप लगाए गए हैं, जिनमें ड्रग तस्करी, आपराधिक साजिश और अन्य गंभीर अपराध शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि इस अभियान के दौरान भारी मात्रा में नशीले पदार्थों के अलावा जांच से जुड़े कई अहम सबूत भी जुटाए गए हैं। बरामद सामग्री और दस्तावेजों की फॉरेंसिक जांच की जा रही है, जिससे यह पता लगाया जा सके कि इस नेटवर्क के तार किन-किन क्षेत्रों और व्यक्तियों से जुड़े हुए थे। कनाडा और अमेरिका की कानून प्रवर्तन एजेंसियों ने इस कार्रवाई को सीमा पार अपराधों के खिलाफ सहयोग का एक बड़ा उदाहरण बताया है। उनका कहना है कि संगठित अपराध और अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी पर रोक लगाने के लिए दोनों देशों के बीच खुफिया जानकारी साझा करने और संयुक्त अभियानों को आगे भी जारी रखा जाएगा। इस स्तर की कार्रवाई से अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। हालांकि जांच एजेंसियां अभी भी मामले के कई पहलुओं की पड़ताल कर रही हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी होने तक सभी आरोपियों को कानून के तहत निर्दोष माना जाएगा, जब तक अदालत में उनके खिलाफ आरोप सिद्ध नहीं हो जाते।










