देश की राजधानी सोमवार शाम उस वक्त दहल उठी जब ऐतिहासिक लाल किला (Red Fort) के पास खड़ी एक Hyundai i20 कार में जबरदस्त विस्फोट हुआ। यह धमाका इतना भीषण था कि आसपास की कई गाड़ियां पलट गईं और कुछ में आग लग गई।
अब तक मिली जानकारी के अनुसार 9 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 16 लोग घायल हैं जिनका इलाज LNJP और RML अस्पताल में चल रहा है।
🔹 घटना का क्रम
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, कार चालक — जिसकी पहचान उमर मोहम्मद के रूप में हुई है — करीब तीन घंटे तक उसी कार में बैठा रहा। उसने न तो गाड़ी छोड़ी और न किसी से बात की। शुरुआती जांच में शक जताया जा रहा है कि वह किसी इंस्ट्रक्शन या सिग्नल का इंतजार कर रहा था।
शाम करीब 6:52 बजे पार्किंग में खड़ी कार में जोरदार धमाका हुआ। आसमान में धुएँ का गुबार छा गया, सायरन बजने लगे और अफरा-तफरी मच गई।
कार कई बार बिकी थी
दिल्ली पुलिस के अनुसार, यह i20 कार पिछले एक वर्ष में तीन बार बेची जा चुकी थी। आखिरी बार इसे फर्जी दस्तावेज़ों के आधार पर गाज़ियाबाद में रजिस्टर किया गया था। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि यह गाड़ी किसी स्लीपर सेल नेटवर्क के जरिए प्रयोग में लाई गई या नहीं।
🔹 कश्मीर तक पहुंची जांच
एनआईए (NIA) और दिल्ली पुलिस की संयुक्त टीम ने जांच का दायरा कश्मीर तक बढ़ा दिया है। सूत्रों का कहना है कि उमर मोहम्मद के संपर्क में दक्षिण कश्मीर के पुलवामा और अनंतनाग क्षेत्र के कुछ संदिग्ध थे। सुरक्षा एजेंसियों ने इन इलाकों में छापेमारी अभियान शुरू कर दिया है।
🔹 अमित शाह ने बुलाई हाईलेवल मीटिंग
विस्फोट के तुरंत बाद गृह मंत्री अमित शाह ने सुरक्षा एजेंसियों और दिल्ली पुलिस के शीर्ष अधिकारियों के साथ आपातकालीन बैठक की। बैठक में एनआईए, आईबी और दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल के अधिकारी शामिल रहे।
शाह ने कहा —
“यह केवल दिल्ली का नहीं, पूरे देश की सुरक्षा से जुड़ा मामला है। दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।”
🔹 राजधानी में हाई अलर्ट
दिल्ली-एनसीआर, नोएडा, गाज़ियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।
मेट्रो स्टेशन, रेलवे स्टेशन, बाजार और एयरपोर्ट पर कड़ी सुरक्षा जांच की जा रही है।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति की जानकारी तुरंत 112 पर दें और अफवाहों पर ध्यान न दें।
🔹 राजनीतिक और जन प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये की सहायता और घायलों को नि:शुल्क इलाज देने की घोषणा की है।
विपक्ष ने भी इस हमले की निंदा की और सुरक्षा एजेंसियों से पारदर्शी जांच की मांग की है।













