PM नरेंद्र मोदी ने आज मन की बात के 126वें कड़ी को संबोधित किया। मन की बात में प्रधानमंत्री ने स्वतंत्रता सेनानी भगत सिंह को याद किया। PM मोदी ने कहा कि अमर शहीद भगत सिंह हर भारतवासी के लिए एक प्रेरणा हैं। उनके स्वभाव में निर्भीकता कूट-कूट कर भरी हुई थी।PM मोदी ने कहा कि देश के लिए फांसी के फंदे पर झूलने से पहले भगत सिंह जी ने अंग्रेजों को एक पत्र भी लिखा था। उन्होंने कहा था कि मैं चाहता हूं कि आप मुझसे और मेरे साथियों से युद्ध बंदी जैसा व्यवहार करें, इसलिए हमारी जान फांसी से नहीं सीधा गोली मारकर ली जाए। ये उनके अदम्य साहस का प्रमाण है।

स्वर कोकिला लता दीदी को किया याद
प्रधानमंत्री मोदी ने स्वर कोकिला लता मंगेश्कर को उनकी जयंती पर याद करते हुए उनको नमन किया। उन्होंने लता मंगेश्कर के वीर सावरकर के साथ प्यारे संबंध के बारे में भी बात की। PM मोदी ने बताया कि लता दीदी जिन महान विभूतियों से प्रेरित थीं उनमें वीर सावरकर भी एक हैं, उन्हें वो तात्या कहती थीं, उन्होंने वीर सावरकर जी के कई गीतों को भी अपने सुरों में पिरोया था।
PMमोदी ने मन की बात में कहा कि मुझे याद है मराठी सुगम संगीत की महान हस्ती सुधीर फड़के जी ने सबसे पहले लता दीदी से मेरा परिचय कराया था। मैंने लता दीदी को कहा कि मुझे आपके द्वारा गाया और सुधीर जी द्वारा संगीतबद्ध गीत ‘ज्योति कलश छलके’ बहुत पसंद है।

महिलाओं की बहादुरी का कराया परिचय
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘भारतीय नौसेना के दो बहादुर अधिकारियों ने नाविका सागर परिक्रमा के दौरान साहस और दृढ़ संकल्प का परिचय दिया है। मैं ‘मन की बात’ के श्रोताओं को इन दो बहादुर अधिकारियों से परिचित कराना चाहता हूं। एक लेफ्टिनेंट कमांडर दिलना हैं और दूसरी लेफ्टिनेंट कमांडर रूपा हैं।’
छठ पूजा को यूनेस्को में शामिल करने के लिए प्रयास
उन्होंने कहा, ‘मुझे आपको यह बताते हुए अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि भारत सरकार भी छठ पूजा से जुड़े एक बड़े प्रयास में जुटी है। भारत सरकार छठ महापर्व को यूनेस्को की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत सूची में शामिल कराने के लिए प्रयासरत है।
स्वदेशी पर दिया जोर
PM मोदी ने 2 अक्टूबर को गांधी जयंती का भी जिक्र किया । उन्होंने कहा कि गांधी जी हमेशा स्वदेशी पर जोर देते थे लेकि दुर्भाग्य से आज़ादी के बाद खादी का आकर्षण कम होता गया। लेकिन पिछले 11 सालों में देश के लोगों का खादी के प्रति आकर्षण काफी बढ़ा है। PM मोदी ने लोगों से खादी उत्पाद खरीदने का अनुरोध किया।इसके साथ ही 7 अक्टूबर को महर्षि वाल्मीकि जयंती का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह वास्तव में महर्षि वाल्मीकि ही थे जिन्होंने हमें भगवान राम की अवतार कथाओं से व्यापक रूप से परिचित कराया।
गायक जुबीन गर्ग को दी श्रद्धांजलि
PM मोदी ने अपने संबोधन में गायक जुबीन गर्ग और लेखक व विचारक एस. एल. भैरप्पा के निधन पर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने आने वाले त्योहारों में लोगों से ‘वोकल फोर लोकल’ को खरीदारी का मंत्र बनाने का आग्रह किया है।









